Regional NewsChhattisgarh

भारत में आयुष विकास: मुख्यधारा में एकीकरण और छत्तीसगढ़ में नेचुरोपैथी का विस्तार

भारत में आयुष विकास और छत्तीसगढ़ में नई पहल

भारत में आयुष विकास: मुख्यधारा में एकीकरण और छत्तीसगढ़ में नेचुरोपैथी का विस्तार

नई दिल्ली/रायपुर | आयुष्य पथ समाचार

आयुष मंत्रालय पारंपरिक चिकित्सा प्रणालियों को मुख्यधारा की स्वास्थ्य सेवाओं में एकीकृत करने पर निरंतर कार्य कर रहा है। राष्ट्रीय आयुष मिशन (NAM) के तहत देशभर में आयुष स्वास्थ्य एवं कल्याण केंद्र (Ayush HWCs) स्थापित किए जा रहे हैं, जहां योग, आयुर्वेद एवं प्राकृतिक चिकित्सा जैसी सेवाएं उपलब्ध हैं। मंत्रालय का जोर प्रमाण-आधारित अनुसंधान, गुणवत्ता नियंत्रण एवं वैश्विक सहयोग पर है।

छत्तीसगढ़: योग एवं नेचुरोपैथी का उभरता केंद्र

छत्तीसगढ़ में योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार एवं आयुष निदेशालय सक्रिय हैं। इस दिशा में प्रमुख कदम उठाए गए हैं:

  • शिक्षण संस्थान: राज्य में दो नेचुरोपैथी कॉलेज (जैसे रायगढ़ में) कार्यरत हैं।
  • अनुसंधान केंद्र: AIIMS रायपुर में योग एवं नेचुरोपैथी विभाग के माध्यम से उच्च स्तरीय अनुसंधान एवं उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
  • भविष्य की योजनाएं: राष्ट्रीय स्तर पर (जैसे असम में) नए संस्थानों की स्थापना से प्रेरित होकर छत्तीसगढ़ में भी फंडिंग एवं विस्तार की योजनाएं चल रही हैं, जो जीवनशैली रोगों के प्रबंधन में सहायक होंगी।

यह विकास आयुष प्रणालियों को ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में सुलभ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है, जिससे स्वस्थ भारत का सपना साकार हो रहा है।


संदर्भ (References):
आयुष मंत्रालय (ayush.gov.in), छत्तीसगढ़ आयुष निदेशालय, प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB), AIIMS रायपुर आधिकारिक वेबसाइट।
Tags: Ayush Development, National Ayush Mission, Chhattisgarh Ayush, Naturopathy Colleges, AIIMS Raipur, Yoga and Naturopathy, Healthy India, आयुष विकास, छत्तीसगढ़ समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *