आयुष मंत्रालय की नई पहल: छत पर उगाएं औषधीय पौधे | Guide
अब घर की छत बनेगी ‘औषधालय’: आयुष मंत्रालय ने लॉन्च की ‘टेरेस गार्डन’ गाइड, मंत्री प्रतापराव जाधव ने किया विमोचन
शहरों में रहने वाले लोग अक्सर जगह की कमी के कारण औषधीय पौधे नहीं लगा पाते। इस समस्या का समाधान करते हुए केंद्रीय आयुष मंत्रालय ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। मंत्रालय के तहत नेशनल मेडिसिनल प्लांट्स बोर्ड (NMPB) ने घरेलू स्तर पर जड़ी-बूटियों की खेती को बढ़ावा देने के लिए ‘टेरेस गार्डन’ (Terrace Garden) पुस्तिका का विमोचन किया है।
यह विमोचन 11 फरवरी 2026 को विज्ञान भवन, नई दिल्ली में आयोजित ‘चिंतन शिविर’ (Chintan Shivir) के दौरान हुआ, जो NMPB के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था।
हर घर में हो अपनी ‘हर्बल बगिया’
केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री प्रतापराव जाधव ने इस पुस्तिका का अनावरण करते हुए कहा:
“‘टेरेस गार्डन’ पुस्तिका का विमोचन करते हुए मुझे अत्यंत हर्ष हो रहा है। यह पहल न केवल घरेलू और सामुदायिक स्तर पर औषधीय पौधों के उपयोग को प्रोत्साहित करेगी, बल्कि हमारे पारंपरिक ज्ञान को हर घर तक पहुंचाने का मार्ग भी प्रशस्त करेगी।”
पुस्तिका में क्या है खास?
यह गाइड विशेष रूप से उन लोगों के लिए तैयार की गई है जो फ्लैट्स या छोटे घरों में रहते हैं। इसमें बताया गया है कि कैसे आप अपनी बालकनी या छत पर गमलों में:
- तुलसी, गिलोय, अश्वगंधा और एलोवेरा जैसे पौधे आसानी से उगा सकते हैं।
- मिट्टी तैयार करने, खाद डालने और देखभाल की वैज्ञानिक विधियां।
- मौसमी बीमारियों में इन पौधों के घरेलू उपयोग के तरीके।
📥 फ्री डाउनलोड: औषधीय पौधों की गाइड (PDF)
घरेलू उपयोग के लिए सामान्य औषधीय पौधों और उनके उपयोग (Common Medicinal Plants & Their Uses) की विस्तृत जानकारी के लिए आयुष मंत्रालय की आधिकारिक पुस्तिका नीचे दिए गए लिंक से डाउनलोड करें:
Download PDF Book Now(Source: National Ayush Mission, Govt. of India)
WAO और आयुष प्रेमियों के लिए अवसर
यह पहल ‘वीमेन आयुष्य ऑर्गेनाइजेशन’ (WAO) के मिशन—”घर-घर आयुर्वेद, हर घर स्वास्थ्य”—को नई गति देगी। महिलाएं अब अपनी रसोई और बालकनी को ही परिवार के स्वास्थ्य का केंद्र बना सकती हैं। सरकार का यह प्रयास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस विजन के अनुरूप है, जिसमें वे पारंपरिक ज्ञान को आधुनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाने पर जोर देते हैं।
रिपोर्ट: आयुष्य पथ डिजिटल डेस्क | स्रोत: आयुष मंत्रालय प्रेस रिलीज़

